रविवार, 21 फ़रवरी 2021
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शरण में आ पड़े स्वामी, लगा दे पार हे कार्तिक। तुम्हारी मातु है गिरिजा, पिता हैं शंभू हे स्वामी। जगत की ऊंच श्रेणी में, बनाया धाम हे कार्तिक...
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कार्तिकेय बहु फलदायक स्तुति ॐ अभीष्ट सिद्धि मे देहि शरणागत वत्सले भक्त्या निवेदितम् तुम्भ्यम् कार्तिकेय नमस्तुते ॥१॥ श्री गंगा गर्भ स...





















































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